A2Z सभी खबर सभी जिले की

‎संविधान बचाओ, देश बचाओ, मताधिकार बचाओ’ नारे के साथ विरोध मार्च

‎जिला प्रशासन द्वारा मनाए जा रहे मतदाता दिवस को बताया 'दिखावा' और 'ढकोसला'

‎संविधान बचाओ, देश बचाओ, मताधिकार बचाओ’ नारे के साथ विरोध मार्च

‎जिला प्रशासन द्वारा मनाए जा रहे मतदाता दिवस को बताया ‘दिखावा’ और ‘ढकोसला’

‎संवाददाता। रणजीत कुमार। जहानाबाद। भाकपा माले सी पी आई एम एल ने मतदाता दिवस के अवसर पर ‘संविधान बचाओ, देश बचाओ, मताधिकार बचाओ’ नारे के साथ एक विरोध मार्च निकाला। पार्टी ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हैं और लोकतंत्र खतरे में है। विरोध मार्च पार्टी कार्यालय से शुरू होकर काको मोड़ तक गया। इस दौरान पार्टी के नेता रामाधार शर्मा ने कहा कि एक तरफ देश मतदाता दिवस मना रहा है, वहीं दूसरी ओर मतदाता सूची से करोड़ों लोगों के नाम हटाए गए हैं और लाखों फर्जी नाम जोड़े गए हैं। शर्मा ने जिला प्रशासन द्वारा मनाए जा रहे मतदाता दिवस को ‘दिखावा’ और ‘ढकोसला’ बताया। उन्होंने कहा कि सही मतदाताओं को मतदान से वंचित किया जा रहा है, जबकि दूसरी तरफ यह दिवस मनाया जा रहा है, जिसका वे कड़ा विरोध करते हैं।

‎पार्टी नेता ने दावा किया कि देश में संविधान खतरे में है और लोकतंत्र समाप्त हो रहा है। उन्होंने कहा कि संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए तथा सही मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में जुड़वाने के लिए यह आंदोलन किया जा रहा है। भाकपा माले पूरे बिहार में मार्च निकालकर इस कार्यक्रम का विरोध कर रही है। रामाधार शर्मा ने कहा कि जहां सही मतदाताओं को मतदान करने से वंचित किया जा रहा है, वहां मतदाता दिवस मनाना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने पिछले विधानसभा चुनावों का उदाहरण देते हुए बताया कि मतदाता सूची से नाम काटे जाने के कारण कई लोग पोलिंग बूथ पर जाकर भी मतदान नहीं कर पाए थे। ऐसे में मताधिकार दिवस का कोई औचित्य नहीं है।

Related Articles
Show More
Back to top button
error: Content is protected !!